अदर मैन अदर गर्ल सेक्स कहानी मेरी सच्ची घटना है. मैं अपनी बीवी को किसी दूसरे आदमी के लंड से चुदवाना चाहता था. कैसे मेरी वाइफ किसी दूसरे लंड से चुद गई।
दोस्तो, मेरा नाम राजेश (45) है। मैं एक छोटे से कस्बे से हूँ।
बचपन से ही मुझे गलत संगति के कारण सेक्स की बातें करने की आदत लग गई थी।
बड़े होने पर भी मेरे दिमाग में काफी सेक्स भरा रहता था।
यह मेरी पहली कहानी है।
मैंने कई बार अपनी सच्ची घटना स्टोरी के रूप में आप सबके लिए लिख कर डालने का मन बनाया, लेकिन हर बार कुछ न कुछ हिचक और संकोच के कारण डर गया।
आज बहुत हिम्मत करके सब कुछ सच लिख रहा हूँ इस अदर मैन अदर गर्ल सेक्स कहानी में।

मेरी इंजीनियरिंग पूरी होने के बाद घर वालों ने मेरी शादी करवा दी।
मेरी बीवी का नाम डिम्पल है, अब उसकी उम्र 42 साल है।
वह दिखने में काफी खूबसूरत और भरे हुए बदन वाली है।
उसका फिगर 36-32-36 का है।
मैं उसके सामने कुछ भी नहीं हूँ।
मेरा बिजनेस शहर में था, हम वहीं फ्लैट लेकर रहते हैं।
हमारे दो बेटे हैं जिनको हमने शुरू से ही गुरुकुल मध्य प्रदेश में भेज दिया था और अब वो वहीं पे अपनी नानी के यहाँ से पढ़ाई कर रहे हैं।
शादी के पांच-छह साल तक मुझे डिम्पल के साथ सेक्स करने में बहुत मजा आता था।
आप यकीन नहीं मानेंगे लेकिन मैं सच कह रहा हूँ कि जब भी हम दोनों कहीं बाहर जाते हैं तो लोगों की नजरें मेरी बीवी के शरीर को पूरा निचोड़ लेती हैं।
मेरी बीवी के चूतड़ बड़े-बड़े हैं, जब वह चलती है तो उसके दोनों चूतड़ गजब मटकते हैं।
डिम्पल की छातियां भी एकदम ऐसी भरी हुई हैं, जैसे दूध की डेयरी हों।
उसका बदन मक्खन जैसा उजला और चिकना है।
जब कभी मैं उसको पीछे से चलती हुई देखता हूँ तो मेरा लंड खुद-ब-खुद खड़ा होने लग जाता है।
उसके सामने का हिस्सा भी बहुत ही आकर्षक है।
जब वह झुकती है तो उसके दूध जैसे रंग में ढले हुए उसके स्तनों की दरार दिखने लगती है।
मुझे चुच्चियाँ देखने, दबाने और पीने का बहुत मन होता है और डिम्पल ने कभी भी इस से मुझे मना नहीं किया।
शादी के पांच-छह साल तक डिम्पल को मैंने जमकर चोदा।
सुबह-शाम जब मौका मिलता, तब उसको पकड़ कर चोद देता।
मेरे लंड की प्यास शांत करने के लिए उसने कभी भी मना नहीं किया।
वैसे तो वह भी बहुत कामुक है, सेक्स में बिस्तर में बहुत मजा देती है।
बिस्तर में आते ही खूब उछल-उछल कर सेक्स करती है, मेरे लौड़े पर जमकर थिरकती है और मुझे अपने मम्मे चुसवाती हुई गजब चुदती है।
बचपन से बड़े होने तक की मेरी जो भी सेक्स की इच्छाएं थीं, मैंने वे सब डिम्पल के साथ पूरी कर ली थीं।
आगे, पीछे, ऊपर, नीचे, ऐसे-वैसे सब तरह से चुदाई का मजा ले लिया था।
बस वह मुँह से लंड कभी-कभी ही चूसती थी और ना ही अपनी चूत चुसवाती थी।
रोज़ की जिंदगी में धीरे-धीरे हमारा सेक्स इंटरेस्ट बहुत कम हो गया था, लेकिन जब भी मन बनता था हम खूब एंजॉय करते थे।
हम दोनों घर पर नंगे ही रहते थे।
एक बात बहुत अनोखी थी कि हम दोनों को ही ओरल सेक्स, डर्टी सेक्स चैट, गंदी बातें, सेक्स स्टोरी, पोर्न मूवीज और रोल प्ले करने में बहुत मज़ा आता है।
हम नए-नए तरीके से पिक्स लेते थे और अपनी वीडियो बनाते हैं।
करीब 5 साल पहले से मुझे उसके साथ सेक्स करने से ज्यादा उसको चुदते हुए देखने की इच्छा होने लगी थी और डिम्पल को भी चाहत थी कि मैं भी उसके सामने किसी और के साथ चुदाई करूँ।
मैं धीरे-धीरे उसे सेक्स के वीडियो दिखाने लगा और स्टोरीज पढ़ाने लगा।
पहले तो वह बहुत शर्माती थी, बाद में उसको भी मजा आने लगा।
उसने कभी कहा नहीं, लेकिन मैं जानता था कि उसको मेरा लंड छोटा लगने लगा है।
वह मेरे साथ रोज रात को सेक्स स्टोरी पढ़ती और फिर उसे और मुझे उत्तेजना होने लगती थी और हम रोल प्ले करते थे।
उस वक्त मुझे ऐसा लगता था कि स्टोरी पढ़ने से डिम्पल गर्म हो और उसे मेरे सामने ही कोई दूसरा मर्द चोदे।
वो अपने पूरे शरीर पे केक की क्रीम लगवा के मुझसे चटवाती थी और चीख-चीख के गाली देती थी।
एक बार वह इतनी उत्तेजित हो गयी कि उसने बोला, “राजेश! तू अपने दोस्त और उसकी बीवी को यहाँ बुला ले, हम सब आँख बंद करके एक दूसरे को चाटेंगे और चोदेंगे!”
उस दिन उसकी बात मेरे दिमाग में बैठ गयी और मैं भी पूरे जोश से चोदने लगा।
अब तो ये काम रोज़ का हो गया।
हम वाइफ और हसबैंड स्वैपिंग की कहानी पढ़ते और हमारी जिंदगी में रोमांच आ गया।
ऐसे ही चलता रहा और हम मजे करते रहे।
अब एक खोज सी शुरू हो गयी।
हम दो साल पहले केरल घूमने गए, वहाँ पर डिम्पल पूरे टूर में बिना ब्रा-पेंटी के स्लीवलेस टॉप और शॉर्ट्स में रही ताकि मर्द उसके ऊपर आकर्षित हों, और हुआ भी वही।
बहुत जल्दी ही उसको देखकर आदमी उस पे फिसल जाते थे और लाइन मारते थे।
कई लोगों ने उसे टच किया, उसके चूतड़ पे हाथ लगाया लेकिन उसने कोई बुरा नहीं माना और मैं तो जैसे ये देखकर खुशी से पागल ही हो रहा था।
सब कुछ देख कर अनदेखा कर रहा था।
मेरी तो मन की मुराद पूरी हो रही थी।
मैं ये देखकर कॉकटेल पीता था और डिम्पल भी मन ही मन उत्तेजित होके कॉकटेल पीती थी।
पूरी रात नंगे चुदाई करके पड़े रहते थे।
एक शाम को तो हम दोनों इतने मूड में थे कि समुद्र के किनारे एक रॉक की आड़ में ही खड़े-खड़े चुदाई कर रहे थे और थोड़ी ही दूर एक कपल हमें चुपके से देख रहा था और वो भी चुम्मा-चाटी करने लगा।
वहाँ हम एक अजनबी थे, इसलिए कोई डर नहीं था।
अब मैं आपको अपना एक सीक्रेट घटना बताने जा रहा हूँ, ये हमारी जिंदगी का सच है।
मैं और डिंपल किसी दूसरे जोड़े के साथ सेक्स करने के लिए तो मचल ही रहे थे और कोई भी मिल नहीं रहा था।
तो तीसरे दिन रात को हमने खूब ड्रिंक की और अपने रूम में न्यूड डांस किया।
डिंपल को बहुत चढ़ गयी तो वो लेट गयी और उसे झपकी आ गयी।
मुझे भी बहुत चढ़ गयी थी तो फिर मैं रूम का डोर धीरे से लगा के बिना लॉक किये रिसेप्शन पर गया और मैनेजर से पूछा- कोई लड़की का इंतजाम हो सकता है क्या?
मैनेजर हमको दो दिन से नज़र रख रहा था, वो समझ गया कि डिंपल सो गयी है इसलिए मैं एंजॉय करना चाहता हूँ।
उसने झट से हाँ कर दी और कहा- रूम 208 में इंतजाम हो जायेगा, वहाँ जाओ।
मैं भी चुपचाप ये सोचके कि डिंपल अब सुबह उठेगी, रूम में चला गया।
रात करीब 12 बजे एक बहुत खूबसूरत 25 साल की लड़की रूबी आयी और सबसे पहले उसने मेरे कपड़े उतारे और बोली कि पहले वो मसाज करेगी फिर हैप्पी एंडिंग।
मैं खुश हो गया।
नशा सातवें आसमान पे था।
उधर होटल के मैनेजर की नीयत खराब हो गयी थी।
उसने मुझे भेज कर फ़ौरन मेरे रूम पर जाके देखा और जैसा उसने सोचा था, वो ही निकला।
दरवाजा हल्के से दबाने से खुल रहा था।
उसने झाँक के देखा, अंधेरा घुप था और बिलकुल शांत रूम था।
वो समझ गया कि डिंपल सोई हुई है।
उसने कमरे में जाके धीरे से अपने सारे कपड़े उतार दिये और अंधेरे में ही उसे बहुत थोड़ा-थोड़ा दिखने लगा।
वो देख के दंग रह गया कि डिंपल बिलकुल नंगी लेटी थी।
उससे रहा नहीं गया और वो धीरे से उसकी चूत के पास जाके उसे चाटने लगा।
जैसे ही उसने चूत चाटी, वैसे ही डिंपल थोड़ा हिलने लगी और नशे की हालत में मैनेजर को राजेश समझ के बोली, “आज तुम जैसे चाहो वैसे चोद लो, मैं कुछ नहीं कहूंगी!”
मैनेजर को ये ही तो चाहिए था।
उसने डिंपल की चूत और गांड खूब चाटी और जब डिंपल झड़ने लगी तब उसका सारा पानी पी गया।
फिर अपना लंड डिंपल के मुँह में डाल दिया।
डिंपल भी नशे में खूब चूस रही थी और उसका सारा माल पी गयी।
वो दोनों ऐसे ही नंगे एक दूसरे से चिपक के लेट गए।
डिंपल सो रही थी।
अब मैनेजर उठा और मेरी व्हिस्की की बोतल से नीट पी गया और नशे में धुत होके 15 मिनट बाद फिर डिंपल पे चढ़ गया और 69 पोजीशन में आ गया।
डिंपल का सिर बहुत घूम रहा था, उसे कुछ होश नहीं था।
वो तो बस ये समझ के कि मेरा मन न मर जाए, मैनेजर को राजेश समझ के साथ दे रही थी।
फिर क्या था, उसका लंड फिर खड़ा हो गया और अब तो उसने सीधे चूत में डाल दिया।
उसका लंड इतना बड़ा था कि डिंपल नशे में बोली, “अभी क्या खा के आया है मादरचोद! ये तेरा लंड मूसल कैसे हो गया! चोद दे कुत्ते, बहनचोद! आ… आ… आ… आज मज़ा आया! ले, मेरी चूची पी! आज मेरी चूत का भोसड़ा बना दे!”
पहली बार इतने बड़े लंड से चुद के एक मिनट में वो झड़ गयी और मैनेजर शांत ना हुआ, तो डिंपल बोली, “आज मेरी गांड में डाल के अपनी प्यास बुझा लो!”
मैनेजर ने बहुत प्यार से उसकी गांड में क्रीम लगा के धीरे-धीरे लंड घुसा दिया।
फिर तो वो चोद-चोद के अंदर ही झड़ गया और डिंपल की चूची पीकर उसे फिर सुला दिया और कमरे से निकल गया।
अब आप सोचेंगे ये सब मुझे कैसे पता, तो ये मैं आपको आगे बताऊंगा कि क्या हुआ।
लेकिन डिंपल की कसम, ये मेरी कहानी एकदम सच्ची है।
इधर रूबी ने जो मसाज की, उसका मैं दीवाना हो गया।
थी तो वो एक रंडी, लेकिन मसाज एक अनुभवी की तरह कर रही थी।
मसाज के साथ वो ऊपर आके अपने दूध मुझसे टच कर दे रही थी, मेरा लंड खड़ा हो गया।
उसका हाथ मेरी जांघों से होता हुआ लंड को टच कर रहा था, तभी मेरे लंड से गोंद निकलने लगा लेकिन मैं झड़ा नहीं था।
फिर उसने मुझे अपनी चूत दिखाई, मैं पागल हो गया, बिलकुल चिकनी और वो भी गोरी।
वो मुझे शावर के नीचे ले गयी और अपनी चूची और चूत ऐसे प्यार से चटवायी, मैं वहीं झड़ गया।
फिर मैंने उसे बोला कि 2000 और दूंगा, एक घंटा और रुक और चुदवा।
वो मान गयी।
फिर उसने मुझे शावर में आधा घंटा नहलाया और मेरा लंड चूसा।
मेरा लंड तन गया, फिर मेरे ऊपर नशे का और सेक्स की हवस सवार हो गयी।
मैंने उसको घोड़ी बना के, आगे से, पीछे से खूब चोदा।
वो भी हैरान थी कि एक मुठ में झड़ने वाला अब डाउन क्यों नहीं हो रहा।
वो तो खेली-खाई थी, जैसे ही उसने मुझे बोला, “बहन के लौड़े!”
मैं पागल हो के स्पीड बढ़ा दी और उल्टा बोलने लगा, “बहनचोद रंडी! मादरचोद! छिनाल! भोसड़ी वाली रांड, तेरे भोसड़े में लंड!”
उसने मेरे टट्टे पकड़ लिए और मुँह में ले लिए, फिर तो उसने इतनी जोर से चूसे कि मेरा माल उसके मुँह पे गिरा।
तब हैप्पी एंडिंग हुई मेरी।
वो पैसे लेकर चली गयी और मैं चुपके से डिंपल के पास आके कपड़े उतार के सो गया।
हम दोनों सुबह आठ बजे तक चिपक के सोते रहे।
सुबह उठ कर डिंपल बोली, “रात मज़ा आया ना!”
मेरी तो जान निकल गयी कि इसे कैसे पता! मैंने कहा, “कल तो कुछ किया ही नहीं, तुम तो सो गयीं थीं।”
वो बोली, “अच्छा! तो मेरी चुदाई तो भूत ने की होगी!”
मैं समझा नहीं।
मेरे बार-बार मना करने पर उसे शक हुआ तो उसने पूछा कि रात को तुम रूम से कहीं गए थे क्या?
तब मुझे झूठ बोलना सही नहीं लगा और मैंने उससे माफ़ी मांगी और सच-सच बता दिया
फिर उसने मुझे सारी बात बतायी जो मैंने ऊपर लिखी है।
हमें ये समझ में आ गया कि ये सारा खेल मैनेजर ने किया है।
ये सब समझ के हम दोनों हक्के-बक्के रह गए.
लेकिन अब क्या कर सकते थे, कोई प्रूफ भी नहीं था।
दूसरी तरफ, बार-बार रात की स्पेशल चुदाई सोच-सोच के खुश भी हो रहे थे।
ये एक राज था और एक सुखद अनुभव, जिसमें मुझे और डिंपल को दूसरे जिस्म से प्यास बुझाने का अनुभव मिला।
हमारी जिंदगी का एक यादगार पल।
अब फिर हम किसी जोड़े की तलाश में हैं जो एक खुशी भी दे और सीक्रेट भी रहे।
होप आपको मेरी ये रियल अदर मैन अदर गर्ल सेक्स कहानी पसंद आयेगी।
आपके मेल और कमेंट्स की दरकार रहेगी.